ज्योतिर्मठ (चमोली)। उत्तराखंड के ज्योतिर्मठ नगर क्षेत्र में नगर पालिका के भवन में नमाज पढ़ने को लेकर उठे विवाद के बाद प्रशासन ने मामला सुलझा लिया है। निर्णय के तहत संबंधित भवन पर ताला लगा दिया गया है और मुस्लिम समुदाय अब अपने घरों में ही नमाज अदा करेगा।
बताया गया कि बृहस्पतिवार को नगर पालिका के भवन में नमाज पढ़ने का एक वीडियो वायरल हुआ था। इस पर कुछ संगठनों ने आपत्ति जताते हुए प्रशासन से शिकायत की। मामला बढ़ने पर देर शाम नगर पालिका बोर्ड की बैठक बुलाई गई, जिसमें भवन को बंद करने और नमाज के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करने का निर्णय लिया गया।
एसडीएम ज्योतिर्मठ चंद्रशेखर वशिष्ठ ने बताया कि हॉल उपयोग के लिए विधिवत अनुमति नहीं ली गई थी। इसलिए भवन को बंद कर दिया गया है। मुस्लिम समुदाय ने भी सहमति दी है कि वे अपने घरों में नमाज पढ़ेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि नगर में शांति व्यवस्था कायम है और माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
साथ ही ज्योतिर्मठ थाने को नगर में बाहरी लोगों का शत-प्रतिशत सत्यापन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। बिना सत्यापन पाए जाने पर संबंधित एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
शुक्रवार को जुमे की नमाज निजी आवासों में पुलिस की मौजूदगी में अदा की गई। स्थानीय निवासी इफ्तेखार मलिक ने बताया कि वे पिछले 35 वर्षों से यहां रह रहे हैं और पहले भी नगर पालिका भवन में रमजान के दौरान नमाज पढ़ी जाती रही है, लेकिन इस बार लिखित अनुमति न होने से विवाद खड़ा हुआ। उन्होंने कहा कि रमजान की नमाज के लिए बड़े हॉल की आवश्यकता होती है।
वहीं सलीम राजा ने कहा कि इस विवाद का क्षेत्र के भाईचारे पर कोई असर नहीं पड़ेगा और सभी समुदाय शांति बनाए रखने के पक्ष में हैं।
